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Two naturally joined Rudraksha called Gauri Shankar is regarded as the form of Shiva & Parvati.

भगवान शिव और मां पार्वती का प्रत्‍यक्ष रूप है गौरी शंकर रुद्राक्ष।

Category:

Two naturally joined Rudraksha called Gauri Shankar is regarded as the form of Shiva & Parvati.

भगवान शिव और मां पार्वती का प्रत्‍यक्ष रूप है गौरी शंकर रुद्राक्ष।
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Delivery: Within 5 – 7 Business Days (All over India)
Order on Call: +91-7065310431
Energization: Free Energizaton by Acharya ji( फ्री अभिमन्त्रण पंडित जी द्वारा)
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Specification

Shape & Origin:
आकार एवं उत्‍पत्ति : Two Round shaped joint Nepali Rudraksha
जुड़ेे हुए दो गोलाकार नेपाली रूद्राक्ष
Weight (Gm): ~4.0-5.0
Bead Size(mm): ~33*18.5
Certification: GJL&I, New Delhi
Metal: silver, चांदी (92.5 Purity )
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Benefits Of Gauri Shankar Rudraksha:
This Rudraksha is helpful in creating a great compatibility between husband and wife. Therefore it is regarded the best thing for peace and comfort in the family.
This bead is also very helpful for all women who are facing any kind of pregnancy issue.
This Rudraksha should be worn by Women who are facing a delay in marriage or are unable to a find suitable match after continuous tries.
Women who are married but are not happy with their marriage or are facing troubles in their marital life should also wear a Gauri Shankar Rudraksha.
गौरी शंकर रुद्राक्ष के लाभ:
1. गृहस्‍थ सुख के लिए गौरी शंकर रुद्राक्ष अति शुभ माना जाता है। भगवान शिव और मां पार्वती एक सुखी गृ‍हस्‍थ जीवन का प्रतीक हैं और इसीलिए जो भी व्‍यक्‍ति इस रुद्राक्ष को धारण्‍ करता है उसका वैवाहिक जीवन सुख से भर जाता है।
2. जिन लोगों के विवाह में देरी हो रही हो या कोई बाधा आ रही है तो उन्‍हें गौरी रुद्राक्ष धारण करने से अवश्‍य ही फायदा पहुंचता है।
3. जिन स्त्रियों को गर्भ से सम्बंधित कोई समस्या हो उनके लिए भी यह लाभकारी हो सकता है।
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How to use Gauri Shankar Rudraksha:

One can wear it with a silk or cotton thread. It can be worn as a bracelet or necklace. Slightly Cracked can work but eaten by worms must be avoided.

गौरी शंकर रुद्राक्ष की विधि

इस रुद्राक्ष को धारण करते समय गायत्री मंत्र का जाप करें। पुरुषों को इस रुद्राक्ष को चांदी की कटोरी में स्थापित करके केमिकल रहित सुगन्धित द्रव्य से अभिमंत्रित करना चाहिए।

हमसे क्‍यों लें

गौरी शंकर मुखी रुद्राक्ष को हमारे पंडितजी द्वारा अभिमंत्रित कर के आपके पास भेजा जाएगा जिससे आपको शीघ्र अति शीघ्र इसका पूर्ण लाभ मिल सके।

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